
प्रियंका चोपड़ा की बुक ‘अनफिनिश्ड’ 9 फरवरी को
रिलीज हो चुकी है. इसमें प्रियंका ने अपनी पर्सनल से लेकर प्रोफेशनल लाइफ तक के बारे में खुलासे किए हैं. अनफिनिश्ड में प्रियंका ने अपनी जिंदगी की सच्चाई को सबके सामने लाने की कोशिश की है. उन्होंने इसमें अपने काम को लेकर अपने हार्ड वर्क और डेडिकेशन के बारे में भी बताया है.
बॉलीवुड की देसी गर्ल यानी प्रियंका चोपड़ा (Priyanka Chopra) इन दिनों अपनी बुक ‘अनफिनिश्ड’ (Unfinished: A Memoir) को लेकर चर्चा में बनी हुई हैं। ‘अनफिनिश्ड’ में प्रियंका ने कई बड़े खुलासे भी किये हैं। इस किताब में एक्ट्रेस ने अपनी ज़िदगी से जुड़े कई अहम खुलासे किए हैं जिनके बारे में शायद ही कोई जानता होगा। अपनी रिलेशनशिप्स से लेकर इंडस्ट्री की सच्चाई। प्रियंका ने अपनी किताब में सबकुछ खुलकर लिखा है।
प्रियंका चोपड़ा ने अपनी इस किताब में उस घटना का भी जिक्र किया है जब डायरेक्टर ने एक गाने के लिए उनसे कहा था कि ‘अंडरगार्मेंट्स तो दिखने चाहिए वरना फिल्म देखने कौन आएगा। डायरेक्टर की इस बात से प्रियंका बुरी तरह हिल गई थीं और वह फिल्म सेट को ही छोड़कर चली गई थीं।
अपनी किताब में प्रियंका ने इस बात का जिक्र करते हुए लिखा ‘एक सिडेक्टिव गाने के लिए उन्हें एक-एक कर के अपने कपड़े उतारने थे। गाना काफी लंबा था इसलिए उन्होंने ने डायरेक्टर से पूछा कि क्या वो एक और लेयर पहन लें, ताकि कपड़े जल्दी ना उतर जाएं।
इस पर डायरेक्टर ने मुझे मेरे स्टाइलिस्ट से बात करने की सलाह दी। मैंने अपने स्टाइलिस्ट फोन किया उसे सब कुछ बताया। इसके बाद फोन डायरेक्टर को दिया। मेरे सामने खड़े होकर डायरेक्टर ने कहा, ‘जो भी हो, चड्डियां दिखनी चाहिए। नहीं तो लोग पिक्चर क्यों देखने आएंगे?’
इसी के साथ प्रियंका ने आगे लिखा इसके बाद मैंने वो प्रोजेक्ट छोड़ दिया। मैं उस गाने को करने के लिए पूरी तरह तैयार थी। लेकिन डायरेक्टर ने जिस तरह की टोन औस शब्दों का इस्तेमाल किया वो मेरे लिए स्वीकार नहीं था।
डायरेक्टर ने ब्रेस्ट सर्जरी करवाने को कहा
प्रियंका चोपड़ा (Priyanka Chopra) ने इसी किताब में एक और बुरे अनुभव की जिक्र किया है. प्रियंका ने अपनी किताब में एक घटना का जिक्र करते हुए लिखा है, ‘जब मैं एक प्रोड्यूसर/डायरेक्टर से मिली तो कुछ बातचीत के बाद उन्होंने मुझे खड़े होकर घूमने के लिए कहा मैंने ऐसा किया. वह काफी समय तक मुझे घूरते रहे और मुझे देखते ही रहे फिर उन्होंने कहा कि मुझे ब्रेस्ट सर्जरी करवानी चाहिए. इसके अलावा अपने जबड़े और बट का आकार भी ठीक करवाना चाहिए. अगर मैं अभिनेत्री बनना चाहती हूं तो मुझे ये सब ठीक करवाना चाहिए. उन्होंने मुझसे कहा कि वो लॉस एंजिलिस में एक डॉक्टर को जानते हैं जिनके पास वो मुझे भेज देंगे. इस घटना के बाद मैं खुद को कमतर आंकने लगी थी’.
एक्ट्रेस ने इस बुक में अपने बोर्डिंग स्कूल से लेकर बॉलीवुड में उड़ाए जाने वाले मजाक, नफरत भरे कॉमेंट्स और बुरे फैशन सेंस पर खुलकर बात की है। प्रियंका ने यह बुक खुद लिखी है। इसके अलावा प्रियंका ने बताया है कि पूरी प्रोफेशनल लाइफ में उनकी नाक का मजाक किस तरह उड़ाया गया, जिसने उन्हें काफी ठेस पहुंचाई है।
प्रियंका चोपड़ा ने अपनी नोज सर्जरी पर बात करते हुए कहा, “मैं डॉक्टर के पास गई थी, जिसे मेरे परिवार के लोगों ने रिकमेंड किया था। उन्हें मेरी नाक की नेजल केविटी में पॉलिप मिला, जिसे हटाना था। यह सिर्फ सर्जरी से ही हट सकता था। यह वैसे तो रुटीन प्रोसीजर होता है, लेकिन मेरे केस में ऐसा नहीं हुआ। पॉलिप के लिए मैं सर्जरी कराने गई तो डॉक्टर से गलती से मेरी नाक की ब्राइड हट गई, जिसकी वजह से नाक का ब्रिज डैमेज हो गया। जब पट्टियां हटाने की बारी आई तब मैंने अपनी नाक की स्थिति देखी। मैं और मां, हम दोनों ही डर गए थे। मेरी असली नाक पूरी तरह से जा चुकी थी। मेरा चेहरा पूरी तरह से अलग दिख रहा था। मैं नहीं थी वह। मैं यह सब देखकर टूट गई थी और उम्मीद खो चुकी थी। मैं जब भी शीशा देखती थी तो ऐसा लगता था कि अजनबी इंसान मुझे देख रहा है और हंस रहा है।”
प्रियंका आगे कहती हैं कि मैं खुद को और अपने आत्मविश्वास को खो चुकी थी। मुझे लगने लगा था कि मैं इस चीज से कभी बाहर नहीं आ पाऊंगी। यह एक्सपीरियंस मेरे और परिवार के लिए काफी इमोशनल था, क्योंकि मेरे माता-पिता भी डॉक्टर थे। मुझे सबसे ज्यादा चोट इस चीज ने पहुंचाई कि मेरी नाक की सर्जरी पब्लिक अफेयर बन चुकी थी। लोग मुझे प्लास्टिक चोपड़ा बुला रहे थे। अचानक से यह नाम अखबारों और आर्टिकल्स में आने लगा था, जिसने मेरे पूरे प्रोफेशनल लाइफ में मेरा पीछा किया।
प्रियंका कहती हैं कि खुद को हील करने के लिए उन्होंने कई कोर्स जॉइन किए। आज तक कर रही हैं। मैं एक पब्लिक फिगर हूं, इसका मतलब यह नहीं कि मेरी हर चीज पब्लिक की जाएगी। यह तो केवल मैं ही तय कर सकती हूं कि क्या जाना चाहिए और क्या नहीं। पॉलिपेक्टॉमी के बाद मैंने नाक ठीक कराने के लिए कई सर्जरी कराईं। खुद को अलग तरह से पाने के बाद मैं खुश हूं।
प्रियंका चोपड़ा को है फेयरनेस क्रीम को एंडोर्स करने का पछतावा, कही यह बड़ी बात:-
बॉलीवुड-हॉलीवुड एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा किसी टाइम में फेयरनेस क्रीम का ऐड करती थीं। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान उन्होंने बताया कि भारत में स्किन व्हाइटनिंग क्रीम का विज्ञापन करने के लिए उन्हें लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा था। हॉलीवुड में कदम रखने के बाद प्रियंका चोपड़ा ने फेयरनेस क्रीम के विज्ञापन जैसे कैंपेन में हिस्सा लेना बंद कर दिया था।
एक नई प्रोफाइल में प्रियंका चोपड़ा ने बताया कि एक भारतीय एक्टर के लिए फेयरनेस क्रीम का विज्ञापन करना कितनी साधारण बात है। इसके बारे में प्रियंका चोपड़ा ने अपनी लॉन्च होने वाली बुक ‘अनफिनिश्ड’ में खुलकर बात की है।
प्रियंका चोपड़ा ने लिखा, ”साउथ एशिया में स्किन लाइटनिंग को एंडोर्स करना आम बात है। इंडस्ट्री इतनी बड़ी है कि हर कोई कर रहा है। बल्कि, आज भी इसे ठीक माना जाता है, जब एक महिला एक्टर इसे करती है, लेकिन यह गलत बात है। मेरे लिए भी यह करना गलत था। एक छोटी बच्ची जो चेहरे पर टैल्कम पाउडर लगाती थी, क्योंकि मैं विश्वास करती थी कि डार्क स्किन होना अच्छी बात नहीं है।”
प्रियंका चोपड़ा ने साल 2015 में खुद को इस तरह के प्रोडक्ट्स से दूर रखने का फैसला लिया था। बरखा दत्त संग एक इंटरव्यू में प्रियंका चोपड़ा ने कहा था कि मैं इसे लेकर बहुत बुरा महसूस करती थी, इसलिए मैंने फेयरनेस क्रीम का विज्ञापन करना बंद कर दिया। मेरे सारे भाई-बहन गोरे-चिट्टे थे। मैं ही केवल सांवली थी, क्योंकि मेरे पिता सांवले थे। सिर्फ मजे लेने के लिए मेरी पंजाबी फैमिली मुझे काली, काली, काली बुलाते थे। 13 साल की उम्र में मैं फेयरनेस क्रीम लगाना चाहती थी और चाहती थी कि मेरा सांवलापन दूर हो जाए।
इसमें प्रियंका के बचपन, यूएस में रंग-रूप को लेकर होने वाले भेदभाव, मिस इंडिया और मिस वर्ल्ड का टाइटल जीतने, बॉलीवुड से हॉलीवुड की दुनिया में कदम रखने और चुनौतियों का सामना करने को लेकर खुलकर बात की है|

– प्रियंका चोपड़ा
बचपन में पिता की फौजी ड्रेस पहना करती थीं प्रियंका चोपड़ा, बताया क्यों पहनती थीं साइज में काफी बड़े कपड़े-

प्रियंका चोपड़ा ने बचपन की यादों को साझा करते हुए लिखा, ‘एक छोटी बच्ची होते हुए भी मैं अकसर कुछ एक्सप्लोर करना चाहती थी। एडवेंचर करना चाहती थी और कुछ नई चीज करने की फिराक में रहती थी। मैं कुछ ऐसा करने के प्रयास में रहती थी, जो पहले न हुआ हो। कुछ ऐसा पाना चाहती थी, जो किसी और को न मिला हो। मैं हमेशा फर्स्ट रहना चाहती थी। हर दिन मैं यही सोचती थी और दिन में जो भी काम करती थी, उसमें इस बात का ही ध्यान रखती थी।
प्रियंका चोपड़ा ने अपनी किताब में कहा है कि उन्हें अपनी बॉडी के चलते करियर में परेशानियां उठानी पड़ी थीं और ऐसा लगा था कि जैसे शुरू होने से पहले ही खत्म सा हो गया है।
‘मैं एक छोटे कस्बे की लड़की थी, जिसके बड़े सपने रहे हैं। इसलिए मेरी स्टोरी से रीडर यह समझेंगे कि सपनों को पूरा करने के लिए किस तरह के प्रयासों की जरूरत होती है। मैं यह रीडर्स पर छोड़ती हूं कि वह किस तरह से मेरी स्टोरी से कनेक्ट होते हैं। लेकिन मुझे उम्मीद है कि इससे लोगों को प्रेरणा मिलेगी कि वे सीमाओं को तोड़कर निकलें।’
प्रियंका ने किताब का कवर शेयर करते हुए अपने इंस्टाग्राम पर लिखा था- “अजीब बात है, मैंने इस संस्मरण का नाम इसे लिखने से सालों पहले दिया था. 20 साल तक एक पब्लिक पर्सन रहने के बाद, जिसमें आगे और भी जीने और मेरी पर्सनैलिटी से अलग कई और बातों की लिस्ट है. पर्सनली और प्रोफेशनली, मैं बहुत ज्यादा #Unfinished हूं. लेकिन संस्मरण को लिखने की मजेदार बात यह है कि ये आपके चीजों को देखने का नजरिया बदल देती है, जो आपने सोचा था. इसे लिखते हुए मैंने पाया कि अनफिनिश्ड का मेरे लिए गहरा अर्थ है, बल्कि इसमें मेरी जिंदगी की सबसे आम बातें हैं.”
38 वर्षीय अभिनेत्री ने कहा कि उनके संस्मरण का प्रत्येक शब्द अंतरावलोकन की उपज है और उनकी जिंदगी को दर्शाने वाला है। प्रियंका ने 17 साल की उम्र में मनोरंजन उद्योग में कदम रखा जब वह मिस इंडिया चुनी गई और इसके बाद मिस वर्ल्ड बनीं। उन्होंने ‘ऐतराज’, ‘बर्फी’, ‘सात खून माफ’ और ‘बाजीराव मस्तानी’ जैसी फिल्मों में काम किया। उन्हें एबीसी के शो ‘क्वांटिको’ से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ख्याति हासिल हुई।इसके अलावा उन्होंने ‘बेवॉच’ फिल्म से हॉलीवुड फिल्मों में करियार की शुरुआत की और इसके बाद ‘ ए किड लाइक जैक’ फिल्म में भी काम किया।
प्रियंका ने अपनी किताब में बताया है. उन्होंने बताया कि उन्होंने अपनी पढ़ाई कुछ साल मोसी के पास अमेरिका में की थी. उस दौरान उनका एक बॉयफ्रेंड भी था जिसका नाम बॉब था. उन्होंने बताया है कि इसी रिलेशन की वजह से मुश्किल में पड़ गई थीं. उस समय प्रियंका 10वीं क्लास में पढ़ती थीं. उनका बॉयफ्रेंड भी उसी क्लास में पड़ता था. उन्होंने उसके साथ अपनी शादी की प्लानिंग भी कर ली थी.
प्रियंका ने किताब में बताया है कि एक दिन वह बॉब के साथ बैठकर टीवी देख रही थीं कि तभी अचानक उनकी मौसी वहां आ गईं. इसके बाद प्रियंका ने बॉब को अपने कमरे की अलमारी में छुपा दिया हालांकि मौसी को शक हो गया था. उन्होंने प्रियंका अलमारी खोलने के लिए बोला. प्रियंका ने अलमारी खोली तो सामने बॉब को देखकर उनकी मौसी काफी गुस्सा हुई. उन्होंने प्रियंका की मां को सब बता दिया. इसके कुछ समय बाद ही प्रियंका भारत चली गईं.
प्रियंका चोपड़ा के लिए हॉलीवुड में काम करना नहीं था आसान, लोगों ने कहा था- अपने देश जाओ और गैंग रेप करवाओ:-
प्रियंका ने बताया कि कैसे जब वह हॉलीवुड में काम के लिए गई थीं तो उन्हें वापस भारत जाने के लिए कह दिया था. इतना ही नहीं, कुछ ने तो ये तक कह दिया था कि अपने देश जाकर गैंग रेप करवाओ.
प्रियंका ने अनफिनिश्ड में लिखा, मुझे याद है कि मैंने टीव ऑन किया था और खुद को गेम का ऐलान करते हुए देखा था. फिर मेरे पहले इंटरनेशनल गाना इन माई सिटी का प्रोमो चला. मैंने उस प्रोमो को लाखों दर्शकों के साथ देखा था.
प्रियंका ने आगे लिखा, लेकिन मेरी खुशी का वो गुब्बारा तुरंत फूट गया जब मुझे लोगों के निगेटिव और भद्दे कमेंट्स आए. लोगों ने ऐसी-ऐसी बातें कही थीं जो मुझे आज भी याद है. जैसे किसी ने लिखा कि एक ब्राउन आतंकवादी कैसे ऑल अमेरिकन गेम को प्रमोट कर सकती है और वापस भारत जाओ, बुर्का पहनो. इतना ही नहीं कुछ ने तो ये भी लिखा था कि अपने देश वापस जाओ और गैंग रेप करवाओ.
क्या है अनफिनिश्ड में खास:-

इसमें बताया गया है कैसे प्रियंका के परिवार ने एक्ट्रेस के ड्रीम पूरे करने के लिए कुर्बानी दी. प्रियंका की खुद की बैटल के बारे में बताया है कि कैसे वह अपने हर फैसले पर खड़ी रहीं. सेक्सिजम और रेसिज्म के बारे में भी प्रियंका ने डिस्कस किया जो उन्होंने अपनी जिंदगी में झेला और पिता की मौत के बाद के डिप्रेशन के बारे में भी बताया. इसके अलावा प्रियंका ने निक के साथ अपनी लव स्टोरी के बारे में भी जानकारी दी है.
इस किताब में उन्होंने खुलासा किया है कि एक बार ऋतिक रोशन ने उनकी मदद की थी, जब उन्हें बहुत ज्यादा इसकी आवश्यकता थी। इस बारे में बताते हुए प्रियंका चोपड़ा ने कहा कि उनके स्वर्गीय पिता डॉ. अशोक चोपड़ा हमेशा ही उनके बहुत बड़े सहायक हैl
प्रियंका चोपड़ा अपने पिता से बहुत प्यार करती थीl डॉ. अशोक चोपड़ा उन्हें मार्गदर्शन किया करते थेl जब वह बीमार पड़े, तब ऋतिक रोशन ने उनकी सहायता की थीl हाल ही में प्रियंका चोपड़ा की बुक ‘अनफिनिश्ड’ रिलीज हुई हैl प्रियंका चोपड़ा ने कहा है कि ऋतिक रोशन ने उनके पिता अशोक चोपड़ा के लिए अच्छे डॉक्टर से इलाज करवाने का प्रयास किया था, जिन्हें कैंसर हो गया थाl प्रियंका चोपड़ा ने यह भी कहा कि ऋतिक रोशन ने उनके पिता को लंदन भेजने के लिए एक जहाज का भी इंतजाम किया था, ताकि वह मेडिकल का लाभ ले सकेl उन्होंने लिखा है, ‘हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में ऋतिक रोशन बहुत ही सफल हैl उन्होंने एयर इंडिया में अपने संपर्क को फोन किया और मेरे पिता को लंदन भेजने का सफल प्रयास कियाl
प्रियंका चोपड़ा ने यह भी लिखा है, ‘ऋतिक रोशन और उनके पिता राकेश रोशन ने बोस्टन में हमारे परिवार की मदद कीl मुझे नहीं लगता उनके मदद के बिना हमारे पिता वहां तक पहुंच पातेl मैं उनकी जीवन भर आभारी हूं और यह मेरे लिए हमेशा दिल के करीब रहेगाl’ पिता के निधन के बाद प्रियंका चोपड़ा ने यह भी कहा कि वह टूट गई थी।
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-Eraofgirl